
Bharat Varta Desk: सीबीआई के विशेष निदेशक प्रवीण कुमार सिन्हा के रिटायर होने के दूसरे ही दिन भारत सरकार ने उन्हें नई जिम्मेदारी सौंपी है। उन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद (NSC) सचिवालय का विशेष सचिव नियुक्त किया गया है। उनका कार्यकाल 2 वर्षों का होगा। प्रवीण सिन्हा 1988 बैच के गुजरात कैडर के आईपीएस अधिकारी हैं। उन्होंने 30 अप्रैल 2023 को सीबीआई के विशेष निदेशक के पद से अवकाश ग्रहण किया। इसके पहले सरकार ने उन्हें दो-दो बार 6-6 महीने का सेवा विस्तार दिया था। वे सीबीआई में कार्यवाहक निदेशक की भी जिम्मेदारी निभा चुके हैं।
इंटरपोल में भी अहम जिम्मेदारी निभा रहे प्रवीण सिन्हा
प्रवीण सिन्हा एशिया से इंटरपोल का प्रतिनिधित्व करते हैं। वे इंटरपोल कार्यसमिति के सदस्य हैं। वे सीबीआई के इकलौते अधिकारी हैं जिन्हें इंटरपोल कार्यसमिति सदस्य के चुनाव में एशिया के देशों का भारी मत मिला था। इसके पहले सीबीआई के एक निदेशक यह चुनाव हार भी चुके थे। इंटरपोल में उनका कार्यकाल अभी डेढ़ साल का बचा हुआ है। इस पद का निर्वाचन होता है जिसमें कई शक्तिशाली देश भाग लेते हैं। प्रवीण सिन्हा बिहार के पटना के रहने वाले हैं। वह मूल रूप से गुजरात काडर के आईपीएस अधिकारी हैं। उनका लंबा समय सीबीआई में बीता है। उन्होंने सीबीआई के एसपी और डीआईजी के रूप में लंबे समय तक पटना में काम किया है। पशुपालन घोटाले की जांच को मुकाम पर पहुंचाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। देश के और कई चर्चित घपले और घोटाले की जांच में उन्होंने प्रसिद्धि पाई। वे कानून के भी बड़े जानकार माने जाते हैं। प्रवीण सिन्हा को 15 वर्षों बाद सीबीआई के क्राइम मैनुअल को संशोधित करने की भी जिम्मेदारी दी गई थी। प्रवीण सिन्हा ने सीबीआई के क्राइम मैनुअल को 2020 में ड्राफ्ट करने से पहले 2017 में केंद्रीय सतर्कता आयोग के विजिलेंस मैनुअल को भी ड्राफ्ट किया था। साफ-सुथरी छवि के तेज तर्रार आईपीएस अधिकारी के रूप में वे नरेंद्र मोदी सरकार की पसंद रहे हैं। इसीलिए उन्हें रिटायरमेंट के बाद एक बार फिर से हम जिम्मेदारी दी गई है। बता दें कि राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार के पद पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नजदीक माने जाने वाले अजीत डोभाल काम कर रहे हैं।
पटना के रहने वाले हैं प्रवीण सिन्हा, साफ-सुथरी छवि और तेजतर्रार आईपीएस, मंत्री के बेटे
प्रवीण सिन्हा बिहारी हैं और उनका घर पटना के राजेंद्र नगर में है। उनके पिता पूर्णेन्दु नारायण सिन्हा पटना स्नातक क्षेत्र से तीन-तीन बार विधान पार्षद और बिहार सरकार में मंत्री रहे थे। वे एक प्रख्यात साहित्यकार और बौद्धिक राजनेता के रूप में जाने जाते थे। प्रवीण सिन्हा की पत्नी अर्चना अनुप्रिया जानी-मानी साहित्यकार हैं जिन्होंने साहित्य की हर विधा पर लिखा है।
Bharat varta Desk बिहार की NDA सरकार ने रविवार को भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) और… Read More
Bharat varta desk शुभेंदु अधिकारी ने पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री पद की शपथ ले ली… Read More
Bharat varta Desk पश्चिम बंगाल के नए सीएम का सस्पेंस खत्म हो गया है. भारतीय… Read More
Bharat varta Desk 7 मई 2026 को बिहार के नए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व… Read More
Bharat varta Desk 7 मई 2026 को बिहार में सम्राट चौधरी के नेतृत्व में कैबिनेट… Read More
Bharat varta Desk बिहार में सियासी हलचल के बीच कल यानी 7 मई को राजधानी… Read More