
सेंट्रल डेस्क: किसान संगठनों के चक्का जाम आंदोलन का दिल्ली समेत बिहार और झारखंड में कहीं कोई असर नहीं दिखा. दिल्ली की सीमाओं पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई थी. दिल्ली के भीतर कुछ जगहों पर जुटे चक्का जाम करने वाले लोगों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया था. बिहार और झारखंड में महागठबंधन दलों के कार्यकर्ताओं ने कई जिलों में प्रदर्शन किया और जुलूस निकाले. 12:00 से 3:00 तक चक्का जाम का आह्वान किया गया था मगर कहीं इसका बहुत असर नहीं रहा.
बिहार में इंटर की परीक्षा के कारण राष्ट्रीय जनता दल ने 2:00 से 3:00 बजे तक चक्काजाम का कार्यक्रम रखा था. इस दौरान कई जिलों में राजद कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया. कुछ जिलों में राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव की जन अधिकार पार्टी के कार्यकर्ता भी सक्रिय दिखे. चक्काजाम के बाद किसान आंदोलन के नेता राजेश टिकैत ने कहा कि सरकार के पास दो अक्टूबर तक का समय है. उससे पहले कृषि कानूनों को वापस ले ले और एमएसपी पर कानून बनाये.
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