
पटना संवादाता: जदयू की राज्य परिषद की बैठक में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक बार फिर दर्द बयां की। विधानसभा चुनाव के बाद हो रही इस पहली बैठक में उन्होंने भाजपा का नाम लिए बगैर कहा कि चुनाव के दौरान उन्हें पता ही नहीं चला कि कौन दोस्त है और कौन दुश्मन है। उन्होंने कहा कि चुनाव प्रचार के बाद जब वे शाम को लौटते थे और अपने लोगों से मिलते थे तो उन्हें पता चल जाता था कि कुछ खेल हो रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि सीटों का बंटवारा समय पर नहीं किया गया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया में उनके खिलाफ दुष्प्रचार प्रसारित किया गया। उनकी सरकार ने बिहार में काफी काम किया। लोग खुश थे मगर साजिश के तहत उन्हें और उनकी पार्टी को किए गए काम का लाभ नहीं मिल पाया। इसलिए उन्हें कम सीटें मिली। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि एनडीए सरकार 5 साल का कार्यकाल पूरा करेगी। उनके कई उम्मीदवार हार गए। बैठक में हारे हुए कई उम्मीदवारों ने भाजपा के खिलाफ जमकर नाराजगी जाहिर की। कुछ उम्मीदवारों ने कहा कि दोस्तों ने ही पीठ में छुरा भोंकने का काम किया है।
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