
Bharat varta desk:
ब्राह्मण समाज को एकजुट करने की मुहिम तेज हो गई है। 16 जनवरी को मकर संक्रांति मिलन उत्सव को जोरदार ढंग से मनाने की तैयारी है। इसके जरिए ब्राह्मण एकता और ताकत को प्रदर्शित करने की भी योजना है।
संस्कृति संरक्षण संगम की एक बैठक कौटिल्य बिहार पटना में आयोजित हुई जिसमें कई ब्राह्मण संगठन के प्रतिनिधि शामिल हुए और 16 जनवरी के कार्यक्रम को सफल बनाने की रूपरेखा बनाई। बैठक की अध्यक्षता पंडित उपेंद्र पराशर और संचालन ईo आशुतोष कुमार झा ने किया। बैठक के मुख्य अतिथि बरौली महंथ रितेश दास और पूर्व विधायक मिथिलेश तिवारी, आचार्य राजनाथ झा थे। पूर्व विधायक मिथिलेश तिवारी ने बताया कि मिलन उत्सव में असुर शक्तियों का सर्वनाश करने के लिए 11 कुंडीय हवन किया जाएगा। भोज का भी आयोजन किया गया है। इसमें सभी दलों के प्रमुख ब्राह्मण नेताओं को आमंत्रित किया जाएगा। बिहार के सभी ब्राह्मण संगठन के लोग भी शामिल होंगे।
बैठक में चेतना समिति सचिव उमेश मिश्रा, विवेकानंद ठाकुर,ब्राह्मण महासभा से प्रशांत मिश्रा, ब्रजेश मिश्रा, परशुराम झा,पप्पू मिश्रा, अभिनंदन पांडेय,मनीष मिश्रा, मनीष भूषण ओझा,प्रमोद ओझा,मुन्ना पांडेय,ब्रजेश पांडेय, अंतरराष्ट्रीय ब्राह्मण महासंस्था से गोविंद जी, वसुधैव कुटुम्बकम से संतोष कुमार तिवारी, परशुराम सेवा संघ से योगेश झा, पुरोहित कर्मकांड से पांडेय मुन्ना, विजय मिश्रा बाबा, गरीब जनशक्ति से अशोक झा, तिरहुत समग्र से बबन मिश्रा, युवा ब्राह्मण चेतना मंच से राष्ट्रीय संयोजक डॉ सुभाष पांडेय, राष्ट्रीय ब्राह्मण महासभा, परशुराम सेवा संस्थान के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
मांझी ने दी थी ब्राह्मणों को गाली, चुप रहे सभी बड़े नेता
पिछले दिनों बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी ने ब्राह्मण समाज के लोगों को गाली दी थी। लेकिन सभी दलों के प्रमुख ब्राह्मण नेता चुप रहे। आरजेडी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शिवानंद तिवारी ने तो उल्टे जीतन राम मांझी का ही पक्ष लिया। भाजपा के पूर्व विधायक मिथिलेश तिवारी आगे आए और उन्होंने माझी को मुंहतोड़ जवाब देने की कोशिश की। पत्रकारों के पूछने पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सिर्फ इतना भर कहा कि इस तरह की बातें नहीं होनी चाहिए। लेकिन दूसरे दलों के बड़े नेताओं ने अपने को इस मुद्दे पर किनारा कर लिया।
मुस की टंगड़ी खाने वाले क्या कराएंगे ब्राह्मण भोज
बाद में जीतन राम मांझी ने ब्राह्मण भोज के नाम पर गैर ब्राह्मणों को बुलाकर खाना खिलाया और दावा किया कि ब्राह्मण भोज कराया है। आज की बैठक में वक्ताओं ने जीतन राम मांझी पर प्रहार किया। एक वक्ता ने कहा कि मुस की टंगड़ी चाभने वाले ब्राह्मण भोज क्या कराएंगे? वक्ताओं का कहना था कि जब- जब विदेशी आक्रांताओं ने भारत पर आक्रमण किया तो ब्राह्मणों ने भारतीय संस्कृति, सभ्यता की रक्षा की। सिकंदर जैसे आक्रांता से झेलम के तट पर कुटिया में रहने वाले दाडयायन ऋषि ने देश को बचाया। ऐसे में जीतन राम मांझी जैसे आक्रांता ब्राह्मणों का क्या बिगाड़ लेंगे?
माझी को लेकर बैठक में लोगों में काफी नाराजगी देखी गई लेकिन ब्राह्मण समाज का माझी विरोधी अभियान अभी तक जोर नहीं पकड़ पाया है। अब देखना दिलचस्प होगा कि मकर संक्रांति पर मिलन उत्सव के बहाने ब्राह्मण समाज की एकजुटता और ताकत प्रदर्शन का अभियान कितना असरकारी साबित होता है?
Bharat varta Desk -मुख्यमंत्री विजय और अभिनेत्री तृषा पर टिप्पणी का आरोप -उनकी रैली में… Read More
Bharat varta Desk धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी फिलहाल प्रह्लाद… Read More
Bharat varta Desk दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक महीने से अधिक समय से चल रहा… Read More
Bharat varta Desk जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र… Read More
Bharat varta Desk NEET पेपर लीक मामले में छात्रों के प्रदर्शन के बीच एनटीए ने… Read More
Bharat Varta Desk दिल्ली में चल रहे NEET पेपर लीक के खिलाफ छात्रों के प्रदर्शन… Read More