धर्म/अघ्यात्म

कल है करवा चौथ, महत्व बता रहे आचार्य मयंकेश्वर नाथ तिवारी

(करवा चौथ पर विशेष)
भारतीय संस्कृति में करवा चौथ पर्व का विशेष महत्त्व है। इस दिन अपने पति की लम्बी आयु दीर्घायु ऐश्वर्य पूर्ण आनन्दमय जींवन की कामना हेतु सौभाग्यवती मातृ शक्तियॉ पूर्ण श्रद्धा से निर्जला व्रत रखती है।इस व्रत का प्रचलन अब संपूर्ण देश में ही नहीं विदेशो में भी बहुतायत दृष्टि गोचर हो रहा है।

करवा चाैथ पर इस वर्ष रात्रि रोहिणी नक्षत्र 11 बजकर 35 मिनट तक वरियान योगरात्रि11:16बजे तक रहेगा। वरीयान योग मंगलदायक कार्यों में सफलता प्रदान करता है। साथ ही चंद्रमा पूरे समय रोहिणी नक्षत्र में रहेगा। इस नक्षत्र में चंद्रमा का पूजन करना बेहद ही शुभ माना जाता है। इसी के साथ ज्योतिष के अनुसार चतुर्थी तिथि को चंद्रमा अपनी उच्च राशि वृषभ में विराजमान होता है।

करवा चौथ का महात्म्य

छांदोग्य उपनिषद् के अनुसार चंद्रमा में पुरुष रूपी ब्रह्मा की उपासना करने से सारे पाप नष्ट हो जाते हैं। इससे जीवन में किसी भी प्रकार का कष्ट नहीं होता है। साथ ही साथ इससे लंबी और पूर्ण आयु की प्राप्ति होती है। करवा चौथ के व्रत में शिव, पार्वती, कार्तिकेय, गणोश तथा चंद्रमा का पूजन करना चाहिए। चंद्रोदय के बाद चंद्रमा को अर्घ्य देकर पूजा होती है। पूजा के बाद मिट्टी के करवे में चावल,उड़द की दाल, सुहाग की सामग्री रखकर सास अथवा सास के समकक्ष किसी सुहागिन के पांव छूकर सुहाग सामग्री भेंट करनी चाहिए।

महाभारत से संबंधित पौराणिक कथा के अनुसार पांडव पुत्र अर्जुन तपस्या करने नीलगिरी पर्वत पर चले जाते हैं। दूसरी ओर बाकी पांडवों पर कई प्रकार के संकट आन पड़ते हैं। द्रौपदीको भगवान श्रीकृष्ण ने इसे बताया

सरगी का महत्त्व:

करवा चौथ में सरगी का काफी महत्व है। सरगी सास की तरफ से अपनी बहू को दी जाती है। इसका सेवन महिलाएं करवाचौथ के दिन सूर्य निकलने से पहले तारों की छांव में करती हैं। सरगी के रूप में सास अपनी बहू को विभिन्न खाद्य पदार्थ एवं वस्त्र इत्यादि देती हैं। सरगी, सौभाग्य और समृद्धि का रूप होती है।

करवा चौथ पूजन सामग्री:

कुंकुम, शहद, अगरबत्ती, पुष्प, कच्चा दूध, शक्कर, शुद्ध घी, दही, मेंहदी, मिठाई, गंगाजल, चंदन, चावल, सिन्दूर, मेंहदी, महावर, कंघा, बिंदी, चुनरी, चूड़ी, बिछुआ, मिट्टी का टोंटीदार करवा व ढक्कन, दीपक, रुई, कपूर, गेहूँ, शक्कर का बूरा, हल्दी, पानी का लोटा, गौरी बनाने के लिए पीली मिट्टी, लकड़ी का आसन, छलनी, आठ पूरियों की अठावरी, हलुआ, दक्षिणा के लिए पैसे। सम्पूर्ण सामग्री को एक दिन पहले ही एकत्रित कर लें।

व्रत वाले दिन ब्रह्म मुहूर्त में उठ कर स्नान कर स्वच्छ कपड़े पहन लें तथा शृंगार भी कर लें। इस अवसर पर करवा की पूजा-आराधना कर उसके साथ शिव-पार्वती की पूजा का विधान है क्योंकि माता पार्वती ने कठिन तपस्या करके शिवजी को प्राप्त कर अखंड सौभाग्य प्राप्त हुआ।

करवा चौथ पूजन विधि

प्रात: काल में नित्यकर्म से निवृ्त होकर संकल्प लें और व्रत आरंभ करें।
व्रत के दिन निर्जला रहे अर्थात जलपान ना करें।रोगी एवम औषधि जींवन रक्षक दवा अवश्य ग्रहण करें।
व्रत के दिन प्रातः स्नानादि करने के पश्चात यह संकल्प बोलकर करवा चौथ व्रत का आरंभ करें
संकल्प करें
ॐ तत्सद नमो अद्य कार्तिक कृष्ण करक चतुर्थयाम रविवासरे मम अखण्डसुखसौभाग्य पुत्रपौत्रादि सुस्थिर श्री प्राप्तये करक चतुर्थी व्रतअहम (अपना नाम ) व्रत धारण पूर्वक पूजन करिष्ये।

श्री गणेशाय नमः
श्री कार्तिकेश्वराय नमः
ॐ शिवायै नमः’ से पार्वती का,
‘ॐ नमः शिवाय’ से शिव का,
‘ॐ सोमाय नमःचन्द्रमसे नमःसे चंद्रमा का पूजन करें।

शाम के समय, माँ पार्वती की प्रतिमा की गोद में श्रीगणेश को विराजमान कर उन्हें बालू अथवा सफेद मिट्टी की वेदी अथवा लकड़ी के आसार पर शिव-पार्वती, स्वामी कार्तिकेय, गणेश एवं चंद्रमा की स्थापना करें। मूर्ति के अभाव में सुपारी पर नाड़ा बाँधकर देवता की भावना करके स्थापित करें। पश्चात माँ पार्वती का सुहाग सामग्री आदि से श्रृंगार करें।
भगवान शिव और माँ पार्वती की आराधना करें और कोरे करवे में पानी भरकर पूजा करें। एक लोटा, एक वस्त्र व एक विशेष करवा दक्षिणा के रूप में अर्पित करें।
सौभाग्यवती स्त्रियां पूरे दिन का व्रत कर व्रत की कथा का श्रवण करें। चंद्रोदय के बाद चाँद को अर्घ्य देकर अपने पति के हाथ से जल एवं मिष्ठान खा कर व्रत खोले।

आचार्य मंकेश्वर नाथ तिवारी
मोबाइल 8210379212

Ravindra Nath Tiwari

तीन दशक से अधिक समय से पत्रकारिता में सक्रिय। 17 साल हिंदुस्तान अखबार के साथ पत्रकारिता के बाद अब 'भारत वार्ता' में प्रधान संपादक।

Recent Posts

हटाए गए राज्यपाल के प्रधान सचिव

Bharat varta Desk बिहार सरकार ने कई बार विवादों में रहे राज्यपाल के प्रधान सचिव… Read More

7 hours ago

झारखंड में IAS-IPS अधिकारी बदले

Bharat varta Desk कार्मिक विभाग की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार विभिन्न मंत्रालयों, निदेशालयों,… Read More

1 week ago

सम्राट चौधरी ने ली मुख्यमंत्री पद की शपथ, विजय चौधरी और बिजेंद्र यादव बने उपमुख्यमंत्री

Bharat varta Desk सम्राट चौधरी ने बिहार के नए मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ले… Read More

2 weeks ago

विधायक दल के नेता चुने गए सम्राट चौधरी, कल बनेंगे सीएम

Bharat varta Desk बिहार के अगले सीएम सम्राट चौधरी होंगे. बीजेपी विधायक दल की बैठक… Read More

2 weeks ago

नीतीश की पारी खत्म, अब शुरू होगी सम्राट की पारी

Bharat varta Desk बिहार में नई सरकार के गठन को लेकर आज बड़ा दिन है.… Read More

2 weeks ago