
रांची से मुकेश कुमार :मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन की उपस्थिति में राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकार की हुई बैठक, छठ महापर्व के आयोजन को लेकर हुआ विचार-विमर्श।
नदियों तालाबों, डैम और झील आदि का इस्तेमाल छठ महापर्व के लिए किया जा सकेगा, सरकार की ओर से पहले से जारी दिशा निर्देशों में किया जाएगा आंशिक संशोधन हुआ।
राज्य के वाटर बॉडीज का सांध्य कालीन और प्रातः कालीन अर्घ्य के दौरान सामाजिक दूरी और अन्य अनिवार्य दिशा निर्देशों के पालन को लेकर श्रद्धालु और पूजा आयोजन समिति करें सहयोग।
मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन और स्वास्थ्य एवं आपदा प्रबंधन मंत्री बन्ना गुप्ता की उपस्थिति में राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकार के सदस्यों की बैठक हुई । इस बैठक में कोविड-19 को देखते हुए छठ महापर्व के सुरक्षित आयोजन को लेकर विस्तार से विचार-विमर्श हुआ । मुख्यमंत्री ने कहा कि छठ महापर्व लोक आस्था से जुड़ा हुआ है । चार दिनों तक चलने वाले इस महापर्व में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होते हैं । संध्याकालीन अर्घ्य और प्रातः कालीन अर्घ्य के लिए के लिए नदियों, तालाबों, डैम, झील और अन्य वाटर बॉडीज में श्रद्धालु जुटते हैं । ऐसे में कोरोना संक्रमण को देखते हुए यहां सतर्कता और सुरक्षित तरीके से छठ महापर्व के आयोजन को लेकर पुख्ता व्यवस्था होनी चाहिए । उन्होंने कहा कि लोक आस्था के महापर्व को देखते हुए सरकार द्वारा पहले जारी किए गए दिशानिर्देशों में आंशिक संशोधन किया जा रहा है ।
लोगों से सहयोग करने का आग्रह
मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि वे नदियों तालाबों डैम, झील समेत अन्य वाटर बॉडीज में छठ पर्व मनाने के दौरान सामाजिक दूरी समेत अन्य दिशा निर्देशों का पालन करें उन्होंने लोगों से यह भी कहा कि कोरोना का खतरा अभी खत्म नहीं हुआ है और ना ही इसकी अभी तक कोई कारगर दवा आई है । ऐसे में अब तक आपने जो सावधानी बरती है और सरकार को जो सहयोग किया है , वैसा ही छठ महापर्व के आयोजन के दौरान करें । उन्होंने लोगों से यह भी आग्रह किया कि वे यथासंभव अपने घरों पर छठ महापर्व मनाएं ताकि इस महामारी कि फैलने का खतरा नहीं हो । प्राधिकार की बैठक में बिहार समेत अन्य राज्यों द्वारा छठ महापर्व को लेकर जारी किए गए एडवाइजरी पर भी विचार विमर्श किया गया । कोरोना से सुरक्षा के साथ जन भावनाओं का भी रखा जाए ख्याल
स्वास्थ्य मंत्री श्री बन्ना गुप्ता ने कहा कि यह पर्व लोक आस्था के साथ जुड़ा हुआ है । झारखंड और बिहार में इस पर्व की अपनी अलग ही महता है । इस महापर्व को बड़ी संख्या में लोग मनाते हैं । ऐसे में जन भावनाओं का ख्याल रखते हुए सुरक्षित माहौल में नदियों ,तालाबों, डैम आदि में अर्घ्य देने के लिए पहले से जारी किए गए दिशा निर्देशों में आंशिक संशोधन किया जाए ।उन्होंने यह भी कहा कि इस आयोजन में कोरोना से बचाव को लेकर जारी अन्य दिशा निर्देशों का पालन भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए ।
इस बैठक में मुख्य सचिव श्री सुखदेव सिंह , मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री राजीव अरुण एक्का, स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव डॉ नितिन मदन कुलकर्णी, वित्त विभाग की प्रधान सचिव श्रीमती हिमानी पांडेय, आपदा प्रबंधन विभाग के सचिव श्री अमिताभ कौशल औऱ कृषि पशुपालन एवं सहकारिता विभाग के सचिव श्री अब अबू बकर सिद्दीक ने भी अपनी राय रखी । इस विचार विमर्श के बाद ही छठ महापर्व के आयोजन को लेकर दिशा निर्देशों में आंशिक संशोधन करने पर सहमति बनी।
Bharat varta Desk -मुख्यमंत्री विजय और अभिनेत्री तृषा पर टिप्पणी का आरोप -उनकी रैली में… Read More
Bharat varta Desk धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी फिलहाल प्रह्लाद… Read More
Bharat varta Desk दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक महीने से अधिक समय से चल रहा… Read More
Bharat varta Desk जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र… Read More
Bharat varta Desk NEET पेपर लीक मामले में छात्रों के प्रदर्शन के बीच एनटीए ने… Read More
Bharat Varta Desk दिल्ली में चल रहे NEET पेपर लीक के खिलाफ छात्रों के प्रदर्शन… Read More